भास्कर न्यूज | भीलवाड़ा पंचायत समिति सुवाणा की आठ ग्राम पंचायतों व 23 राजस्व गांवों को नगर निगम में शामिल करने के विरोध में शुक्रवार को पंचायत बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया। सुबह 11 बजे मुखर्जी पार्क में सभा हुई। इसमें वर्तमान सरपंच, पूर्व सरपंच, जनप्रतिनिधि व ग्रामीण शामिल हुए। सभा को संबोधित करते हुए समिति के राजेश चौधरी ने कहा कि नगर निगम में शामिल होने से ग्रामीणों को रोजमर्रा के कामों में परेशानी होगी। निगम मुख्यालय की दूरी 10 से 12 किलोमीटर है। वहां तक पहुंचना आम ग्रामीण के लिए मुश्किल होगा। उन्होंने मांग की कि इन गांवों को निगम में शामिल न किया जाए और जारी अधिसूचना को तुरंत रद्द किया जाए। सरपंच संघ पंचायत समिति सुवाणा के अध्यक्ष अमित चौधरी, हलेड के पूर्व सरपंच बालूलाल आचार्य, पांसल के पूर्व सरपंच छोटूलाल जाट व पालड़ी के पूर्व सरपंच देवेंद्र सिंह, एडवोकेट भैरूलाल बैरवा, पालड़ी सरपंच गोपाल जाट, गठीलाखेड़ा सरपंच रेखा बलाई, पांसल सरपंच मनसादेवी भील, हलेड सरपंच लाड़देवी आचार्य आदि मौजूद रहे। सभी ने कलेक्टर को ज्ञापन देकर विरोध दर्ज कराया।